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Thomas Edison Biography in Hindi : थोमस एडिसन का संघर्षमय जीवन परिचय

Thomas Edison Image

अपने जीवन में, 1000 से अधिक आविष्कार करने वाले Thomas Edison अमेरीका के विश्व प्रसिद्ध वैज्ञानिक थे जिन्होंने बिजली का बल्ब, फोनोग्राफ, हारमोनिक टेलीग्राफ, कार्बोन माइक्रोफोन और काईनेतोग्राफ अर्थात् पहले मूवी कैमरे का आविष्कार / invent किया था।

वयस्त होने का मतलब हकीकत में हमेशा काम होना नहीं है। 

इस महान आविष्कारक अर्थात् एडिसन के जीवन में, एक समय ऐसा भी आया था जब इन्हें मंद बुद्धि या कमजोर दिमाग कहकर स्कूल से निकाल दिया गया था लेकिन समय ने, अपना काम किया और इस कमजोर बुद्धि बालक को महान आविष्कारक के रुप में, प्रस्तुत किया जिसने ना केवल अपने आविष्कारों से पूरी दुनिया को लाभान्वित किया बल्कि अपने चपल, कुशाग्र और एकाग्र बुद्धि का परचम भी लहराया।

हमारे कई पाठक जानना चाहते हैं कि, did Thomas Edison invent the lightbulb  तो उसके जबाव में, हम, विस्तार से Thomas Edison Biography in Hindi : थोमस एडिसन का संघर्षमय जीवन परिचय में चर्चा करेंगे जिसके लिए हम, इन बिंदुओँ की मदद लेंगे –

अगर हम हर वो चीज़ कर दे जो हम कर सकते है तो सचमुच हम खुद को आश्चर्यचकित कर देंगे।

  1. Thomas Edison Kaun the? / कौन थे थोमस एडिसन?
  2. what did thomas edison invent? / थोमस एडिसन ने क्या आविष्कार किया था?
  3. thomas edison biography in hindi? / थोमस एडिसन का पूरा जीवन परिचय हिंदी में क्या हैं?

Thomas Edison Kaun the? / कौन थे थोमस एडिसन?

विज्ञान में, रुचि रखने वाले हमारे कई पाठक व विद्यार्थी जानना चाहते हैं कि, Thomas Edison Kaun the? / कौन थे थोमस एडिसन? और Thomas Edison Story क्या थी तो इसका जबाव देते हुए हम, आपको बताना चाहते हैं कि, थोमस एडिसन एक जाने – माने अर्थात् एक Self Made Man Inventor

आप जो भी है वो आपके काम में दिखेगा। – Thomas Edison Biography

 

थोमस एडिसन एक बहुपक्षीय व बहुआयामी व्यक्ति थे जो कि, अपने बचनप से ही बेहद संवेदनशील और जिज्ञासु प्रवृत्ति की ललक से ग्रसित व्यक्ति थे जो हर वस्तु और क्रिया को अपने ही नजरिये से देखते थे और उनका मूल्याकंन भी अपने ही मानदंडो पर करते थे लेकिन स्कूल के उनके शिक्षकों का कहना था कि, ये विद्यार्थी दिमाग से कमजोर है या फिर मंदबुद्धि है और इसी के साथ 3 महिने बाद ही उन्हें स्कूल से निकाल दिया गया।

मुझे अपनी सबसे बड़ी खुशी और अपना इनाम उस काम में मिल जाता है, जिसे पूरी दुनिया सफलता कहती है।

 

लेकिन क्या थोमस को मंदबुद्धि करार देने वाले उनके शिक्षक उन्हें आविष्कार करने से रोक पाये, नहीं। इसलिए उन्होंने अपने जीवन में, कैसे सफलता अर्जित की और अपने जीवन के किन-किन संघर्षमय पड़ावो को पास करके उन्होंने आविष्कार किया और उससे पूरी दुनिया को लाभान्वित किया इसकी पूरी जानकारी के लिए हम, विस्तार से Thomas Edison Biography Hindi : थोमस एडिसन का संघर्षमय जीवन परिचय पर चर्चा करेंगे।

Thomas Edison Biography in Hindi : थोमस एडिसन का संघर्षमय जीवन परिचय

हम बिजली को इतना सस्ता बना देंगे कि, मोमबत्तियां केवल अमीर लोग जलायेंगे। – Thomas Edison Biography

 

थोमस एडिसन के बचपन से लेकर संघर्षमय आविष्कारों तक की पूरी जानकारी प्राप्त करने के लिए हम, उनके जीवन परिचय को कुछ बिंदुओ में, विभाजित करेंगे जो कि, इस प्रकार से हैं –

1. थोमस एडिसन का जन्म कब, कहां और किसके यहां हुआ था?

थोमस एडिसन का जन्म उपलब्ध स्रोतो के आधार पर कहा जा सकता है कि, अमेरिका के ओहायो स्टेट के मिलन शहर मे 11 फरवरी, 1847 को सैम्युअल ओडगेन एडिसन ( पिता ) और नैन्सी मैथ्यू इलियट ( माता ) नामक दम्पति के यहां सबसे छोटे संतान के रुप मे अर्थात् 7वें बच्चे के रुप में हुआ था।

2. थोमस को प्रसिद्धी के तौर पर किस नाम से जाना जाता था?

थोमस को प्रसिद्धी और लोकप्रियता के तौर पर मैन्लो पार्क के जादूगर के नाम से जाना जाता था।

3. थोमस एडिसन का पूरा नाम क्या था?

थोमस एडिसन का ये नाम अधूरा या आधा हैं क्योंकि थोमस एडिसन का पूरा नाम थोमस एल्वा एडिसन हैं।

4. थोमस को स्कूल से क्यूं निकाला गया और फिर कैसे उन्होंने अपनी शिक्षा प्राप्त की?

थोमस एडिसन के जीवन पर उपलब्ध सभी स्रोतो का अध्ययन करने के बाद हम, कह सकते है कि, उन्हें भी किसी आम सामान्य बालक की तरह शिक्षा ग्रहण करने के लिए स्कूल भेजा गया था लेकिन स्कूली जीवन से सिर्फ 3 महिने बाद ही शिक्षको द्धारा उन्हें मंदबुद्धी कहकर निकाल दिया गया लेकिन इससे उनकी शैक्षणिक यात्रा यहीं पर समाप्त नहीं हुई।

कहा जाता है कि, थोमस एडिसन की माता एक शिक्षिका थी और जब उन्हें स्कूल से निकाल दिया गया तब उनकी माता ने उन्हें 6 महिनो तक घर पर रहते हुए शिक्षा प्रदान की। थोमस एडिसन की माता उन्हें मौलिक शिक्षा प्रदान करती थी अर्थात् उन्हें चीज़ों व विषयों को खुद से सीखने का सुनहरा अवसर प्रदान करती थी जिससे उनके भीतर आत्मविश्वास जागा।

इसी मौलिक शिक्षा का सफल परिणाम ये निकला की, थोमस एल्वा एडिसन सिर्फ 10 साल की आयु में ही ह्यूम, सिअर, बर्टन और गिबन नामक महान ग्रंथो के साथ-साथ Dictionary Of Science का अध्ययन कर लिया था।

5. 9 साल की उम्र में, एडिसन ने प्रयोग करना कैसे सीखा?

तथ्यों के अनुसार कहा जा सकता है कि, सिर्फ 9 साल की आयु में, ही थोमस की माता अर्थात् नैन्सी मैथ्यू इलियट ने उन्हें रसायन विज्ञान की एक किताब लाकर दी थी ताकि वे प्रयोग करना सीखें और यही हुआ।

इस किताब के अध्ययन के बाद थोमस छोटे-मोटे प्रयोग करने लगे थे और साथ ही साथ प्रयोगो के प्रति उनकी रुचि का भी उभार होने लगा था।

6. थोमस को क्या ना सुनने की शिकायत थी?

उन पर शोध करने वाले कुछ विशेषज्ञों का कहना है कि, स्कूल ने उन्हें मंदबुद्धि कहकर निकाला था जबकि असल वजह उनका बहरापन था जिसके कारण वे बांये कान से सुन नहीं पाते थे और जैसे –जैसे वे बड़े हुए उनके सुनने की क्षमता कम होती गई।

स्वयं थोमस ने कहा था कि, मैं 12 साल की उम्र के बाद दुबारा पंक्षियो का आवाज़ नहीं सुन पाया।

7. थोमस से संबंधित कीड़ो के शर्बत वाली कहानी क्या थी?

जैसा कि, हम सभी जानते हैं कि, थोमस बचपन से ही कुशाग्र और जिज्ञासु प्रवृत्ति का बालक था जो हर चीज़ के पीछे छुपे कारण को जानना चाहता था।

थोमस ने, पक्षियों को उड़ता देख किसी से पूछा कि, ये कैसे उड़ लेती है तो जबाव मिला कि, ये कीड़े-मकोड़े खाती है इसलिए।

थोमस ने, इसके बाद बगीचे से गिन चुन कर कुछ कीड़े और मकोड़े एकत्र किये और उसे अपनी नौकरानी और दोस्तो को पिला दिया इस आशा से कि वे उड़ेंगे लेकिन हुआ इसके विपरित और वे बीमार पड़ गये।

8. थोमस ने, कितनी शादियां की और कितने बच्चे हुए?

थोमस ने, अपने पूरे जीवनकाल में, कुल दो शादियां की थी और पहली शादी उन्होंने तब की जब वे 24 साल के थे तब उन्होंने 16 साल की मैरी स्टिलवेल से की थी और दूसरी शादी 1871 में, उन्होंने क्रिसमस से शुभ मौके पर किया था।

थोमस को कुल 3 बच्चो की प्राप्ति हुई थी जिनका नाम इस प्रकार से हैं – विलियम, थोमस जूनियर और मैरियम आदि।

9. थोमस ने, एक प्रयोग के दूसरे प्रयोग किया अर्थात् मृत्यु प्रयोग?

थोमस एल्वा एडिसन का पूरा जीवनकाल ही संघर्षमय और जुझारु रहा जिसके दौरान उन्होंने साहसी धैर्य और कठीन परिश्रम का कठीन परिचय दिया। थोमस ने, अपने जीवन के कुल 50 साल मेनपोलार्क व वेस्ट ओरेंज के कारखाने मे, काम किया।

जीवन के अन्तकाल में, थोमस ने कहा कि, ’’ मैंने अपना जीवनकार्य पूर्ण किया अब मैं दूसरे प्रयोग के लिए तैयार हूँ। ’’ उनका तात्पर्य था कि, वे मृत्यु प्रयोग के लिए तैयार है और अपने इस दूसरे प्रयोग को शुरु करते हुए थोमस ने 18 अक्टूबर, 1931 को दुनिया से प्रस्थान कर दिया।

उपरोक्त सभी बिंदुओँ की सहायता से हमने आपके सामने थोमस एल्वा एडिसन का व्यक्तिगत जीवन परिचय प्रस्तुत किया।

थोमस एल्वा एडिसन का करियर परिचय क्या हैं?

थोमस एल्वा एडिसन के व्यक्तिगत जीवन परिचय को प्रस्तुत करने के बाद अब हम, आपके समक्ष उनका करियर परिचय प्रस्तुत करना चाहते हैं जो कि, इस प्रकार से हैं –

1. कैसा रहा थोमस एडिसन का आरम्भिक जीवन?

सभी उपलब्ध जानकारीयों के आधार पर हम, कह सकते है कि, थोमस एडिसन का शुरुआती जीवन बेहद संघर्षमय था और जैसे तैसे वे कुछ ना कुछ करके अपने घर को चलाने में अपना योगदान देते थे जिसकी पूरी सूची इस प्रकार से हैं –

  • थोमस के परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी जिसकी वजह से उन्हें सिर्फ 12 साल की आयु में ही फलों और अखबारों / समाचार पत्रो को बेचना पड़ता था जिससे उन्हें दैनिक तौर पर $1 की प्राप्ति होती थी,
  • उन्हें कुछ समय रेल में, पत्र छापने का भी काम किया लेकिन साथ ही साथ अपने प्रयोगो को भी पूरा समय दिया,
  • बिजली के तारो की पूरी जानकारी प्राप्त करने के बाद 20 साल की आयु तक वे एक तार – कर्मचारी के तौर पर उभरे और नौकरी प्राप्त कि, लेकिन जो भी समय बचता था थोमस उसमें प्रयोग करके अपनी जिज्ञासा की खुराक पूरी किया करते थे।

उपरोक्त बिंदुओं की मदद से हमने आपके समक्ष थोमस के शुरुआती और संघर्षमयी जीवन के बारे मे बताया।

2. थोमस को कैसे मिली टेलीफोन ऑपरेटिंग की नौकरी?

कहा जाता हैं कि, थोमस ने सिर्फ 15 साल की आयु में, ही अपना छपाई कारखाना शुरु किया था और रेलवे स्टेशन पर समाचार पत्र बेचा करते थे। एक दिन उन्होंने देखा कि, स्टेशन मास्टर का 3 वर्षीय बालक जिम्मी मैकेंजी रेल की पटरियों पर घूम रहा था और कोई दुर्घटना ना हो जाये इसके लिए उन्होंने इसे वहां से बचाया था।

उनकी इस उदारता के देख स्टेशन मास्टर ने, उन्हें टेलीग्राम के बारे में, बताया और इस प्रकार उन्हें टेलीफोन ऑपरेटर की नौकरी मिले जिसे उन्होंने 5 सालों तक किया था।

3. प्रेस ब्यूरो से भी अपने प्रयोगो के कारण निकाले गये थे थोमस?

कहा जाता हैं कि, थोमस ने कुछ समय तक केंटुकी के एसोसियेट प्रेस ब्यूरो में भी काम किया था और अपने प्रयोगो को करने के लिए उन्हें नाइट शिफ्ट की नौकरी ली थी।

एक दिन बैटरी पर तेजाब से प्रयोग करते समय कुछ तेजाब जमीन पर गिर गया था जिसकी वजह से उन्हें वहां से भी निकाल दिया गया था लेकिन उन्होंने अपना प्रयोग जारी रखा।

4. प्रथम औद्योगिक प्रयोगशाला स्थापित करने का श्रेय किसे दिया जाता है?

थोमस एल्वा एडिसन को मुख्यत मैन्लो पार्क के जादूगर के नाम से भी जाना जाता था जिन्होंने भारी मात्रा में, उत्पादन के सिद्धान्त और एक बड़ी टीम के साथ अनुसंधान शुरु करने वाले प्रथम व्यक्ति थे और इसी वजह से थोमस को प्रथम औद्योगिक प्रयोगशाला को स्थापित करने का श्रेय दिया जाता है।

उपरोक्त बिंदुओ की मदद से हमने आपके समक्ष थोमस का करियर परिचय प्रस्तुत किया।

थोमस का आविष्कार व अनुसंधानों वाला करियर कैसा था?

आविष्कार करने के लिए आपको एक अच्छी कल्पना और कूड़े के ढेर की जरुरत होती हैं। – Thomas Edison Motivational Quotes

थोमस एल्वा एडिसन का आविष्कारक व अनुसंधानो वाला करियर भी बेहद दिलचस्प और रोचक था जिसे हम, कुछ बिंदुओं की मदद से प्रस्तुत करना चाहते हैं जो कि, इस प्रकार से हैं –

  1. थोमस के जीवन में, 1869 का काल बेहद महत्वपूर्ण था क्योंकि इसी साल उन्होंने अपने सबसे पहले आविष्कार अर्थात् विद्युत मतदानगणक को पेटेंट करवाया था,
  2. थोमस के लिए 1870 से लेकर 1876 का काल भी बेहद महत्वपूर्ण था क्योंकि इस काल में, उन्होंने अनेको प्रयोग किये जैसे कि –
  • एक ही तार पर अलग-अलग अर्थात् 4,6 संदेशो को भेजने की विधि का आविष्कार किया,
  • तार छाने वाले ऑटोमैटिक मशीन को सुधारने अर्थात् स्टॉक एक्सचेंज में, सुधार किया,
  • बेल टेलीफोन यंत्र का विकास किया,
  • थोमस ने, साल 1875 में, Scientific American में, ’’ ईथरिय बल ’’ पर महत्वपूर्ण लेख प्रकाशित किया,
  • थोमस ने, साल 1878 में, फोनोग्राफ मशीन पेटेंट करवाई जिसे साल 2010 में, सुधार करते हुए वर्तमान रुप प्रदान किया गया,
  • हमारे कुछ पाठक जानना चाहते है कि, did Thomas Edison invent the lightbulb तो हम, उन्हें जबाव देते हुए कहना चाहते है कि, थोमस एडिसन ने 21 अक्टूबर, 1879 में, 40 घंटे से अधिक समय तक जलने वाले बल्ब का आविष्कार किया था,
  • साल 1883 में, थोमस एडिसन ने, एडिसन प्रभाव की खोज की थी जो कि, आखिरकार वर्तमान में, रेडियो वाल्व का जन्मदाता सिद्ध हुआ,
  • थोमस एडिसन ने क्षार संचायक बैटरी पर भी काम किया, लौह अयस्क को चुम्बकीय विधि से गलाने की विधि पर काम किया,
  • साल 1899 में, चलचित्र कैमरा पेटेंट कराया और साथ ही साथ इससे खींचे गये तस्वीरो को प्रदर्शित करने के लिए किनैटोस्कोप का भी आविष्कार किया,
  • थोमस एडिसन के द्धारा कुछ उल्लेखनीय आविष्कार किये गये जैसे कि – बिजली का बल्ब, ग्रामोफोन, फोनोग्राम, बैटरी, किनैटोस्कोप, बिजली रेल और साथ ही साथ बिजली संचालित वोट रिकॉर्डर का आविष्कार किया,
  • थोमस एडिसन को प्रथम विश्व युद्ध के दौरान जलसेना सलाहकार बोर्ड का अध्यक्ष बनने का मौका मिला जिसके दौरान उन्होंने 40 युद्धोपयेगी आविष्कार किये आदि।

उपरोक्त सभी बिंदुओ की मदद से हमने आपके सामने थोमस एल्वा एडिसन के आविष्कार व अनुसंधान आदि के बारे में, जानकारी प्रदान करने की कोशिश की हैं।

थोमस एडिसन को कौन-कौन से सम्मान मिलें?

थोमस एडिसन को उनके उल्लेखनीय आविष्कार और अनुसंधान के लिए अनेको सम्मान मिलें जिनकी पूरी सूची इस प्रकार से हैं –

  1. 21 अक्टूबर, 1915 को पनामा पैसिफिक प्रदर्शनी के दौरान प्राथमिकता के तौर पर एडिसन दिवस का आयोजन किया गया और विश्व कल्याणकारी इस महान आविष्कारक को सम्मानित किया,
  2. 1927 में, थोमस एल्वा एडिसन को National Academy of Sciences का सदस्य चुना गया,
  3. और साथ ही साथ 21 अक्टूबर, 1929 को राष्ट्रपति ने, थोमस एल्वा एडिसन को अपने दूसरे अतिथि के रुप में, आमंत्रित किया और सम्मानित किया आदि।

उपरोक्त सभी सम्मान थोमस एल्वा एडिसन को उनके उल्लेखनीय और विश्व कल्याणकारी आविष्कारों व अनुसंधानो के लिए प्रदान किया गया था।

सारांश:

अन्त, मैन्लो पार्क के जादूगर के नाम से प्रख्यात थोमस एल्वा एडिसन के संघर्षमय और विश्व कल्याणकारी जीवन को समर्पित अपने इस लेख में, हमने विस्तार से थोमस एल्वा एडिसन की पूरी जीवनी प्रस्तुत की है और साथ ही साथ उनके जीवन के अलग-अलग पड़ावों और साथ ही साथ असफलता की झलक भी प्रस्तुत की है ताकि आप इस विश्व आविष्कारक से प्रेरणा व प्रोत्साहन प्राप्त कर सकें और अपने लक्ष्य की प्राप्ति जुझारी प्रवृत्ति अपनाकर कर सकें।

हमें पूरी आशा है कि, आपको हमारा ये लेख अच्छा लगा होगा जिसके लिए आप हमारे इस लेख को लाइक करेंगे, शेयर करेंगे और साथ ही साथ अपने विचार और सुझाव कमेंट करके बतायेंगे।

 

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